Home / Slider / क्रांतिकारी दुर्गावती बोहरा के जीवन पर आधारित नाटक “दुर्गा भाभी” का विमोचन

क्रांतिकारी दुर्गावती बोहरा के जीवन पर आधारित नाटक “दुर्गा भाभी” का विमोचन

दुर्गा भाभी ने भगत सिंह को उनकी पत्नी के रूप में लाहौर से कलकत्ता सुरक्षित पहुंचाया था इसके अतिरिक्त मुंबई के तत्कालीन गवर्नर कैप्टन हेली पर गोली भी चलाई थी तथा भगत सिंह और उनके साथियों को फांसी की सजा होने पर भगत सिंह डिफेंस कमेटी बनाकर उन पर चलने वाले मुकदमे के लिए चंदा भी एकत्रित किया था

लखनऊ।

क्रांतिकारी दुर्गावती बोहरा के जीवन पर आधारित नाटक दुर्गा भाभी का विमोचन माननीय राज्यपाल उत्तर प्रदेश श्रीमती आनंदीबेन पटेल के कर कमलों द्वारा 6 अगस्त 2021 को राजभवन में संपन्न हुआ।


सुषमा शर्मा विगत 30 वर्षों से रंगकर्म के विभिन्न क्षेत्रों में नाटक निर्देशन अभिनय तथा नाट्य लेखन के क्षेत्र में विशेष रुप से सक्रियता के साथ कार्य कर रही है।

क्रांतिकारी श्रीमती दुर्गा बोहरा चंद्रशेखर आजाद भगत सिंह सुखदेव राजगुरु यशपाल तथा भगवती चरण वोहरा के साथ क्रांतिकारी गतिविधियों में सक्रिय रही थी। अपने क्रांतिकारी संगठन में अपने क्रांतिकारी साथियों द्वारा दुर्गा भाभी के संबोधन से पुकारी जाती थी दुर्गा भाभी। और संगठन में उनके साथ जुड़ी हुई अन्य महिलाओं का कार्य क्रांतिकारियों को हथियार उपलब्ध कराना गुप्त रूप से संदेश एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाना तथा सभाएं आयोजित करवाना और उनके लिए धन की व्यवस्था करना आदि था।

दुर्गा भाभी ने भगत सिंह को उनकी पत्नी के रूप में लाहौर से कलकत्ता सुरक्षित पहुंचाया था इसके अतिरिक्त मुंबई के तत्कालीन गवर्नर कैप्टन हेली पर गोली भी चलाई थी तथा भगत सिंह और उनके साथियों को फांसी की सजा होने पर भगत सिंह डिफेंस कमेटी बनाकर उन पर चलने वाले मुकदमे के लिए चंदा भी एकत्रित किया था। इसके अतिरिक्त उन्होंने गांधी जी से भी अपील की थी कि वह क्रांतिकारियों की सजा माफ कराने में मदद करें सन 1940 से उन्होंने पांच गरीब बच्चों के साथ लखनऊ में मांटेसरी पद्धति से स्कूल खोला जो आज लखनऊ में एक इंटर कॉलेज के रूप में फल फूल रहा है ।

इस वीरांगना का जन्म प्रयागराज के शहजादपुर में हुआ था तथा उनकी कर्म स्थली सन 1940 से 1985 तक लखनऊ रही। दुर्गा भाभी ने 92 वर्ष की आयु में सन 1999 में अपने बेटे के पास गाजियाबाद में अंतिम सांस ली। उनके जीवन पर आधारित इस शोध परक नाटक दुर्गा भाभी का लेखन सुषमा शर्मा द्वारा किया गया है। यहां यह उल्लेखनीय है आज जब देश आजादी की 75 वीं वर्षगांठ पर अमृत महोत्सव का ऐसे समय में दुर्गा भाभी जैसी शख्सियत को याद करना अपने आप में देश की आजादी में जान देने वाले हजारों क्रांतिकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित करना है।

दुर्गा भाभी पुस्तक के विमोचन पर राजभवन में आज उत्तर प्रदेश के विभिन्न संस्कृत कर्मी उपस्थित रहे इनमें सीता राम कश्यप अध्यक्ष उत्तर प्रदेश ललित कला अकादमी श्री गिरीश मिश्र उपाध्यक्ष उत्तर प्रदेश ललित कला अकादमी श्री देवेंद्र त्रिपाठी क्षेत्रीय निर्देशक केंद्रीय ललित कला अकादमी श्रीमती मृदुला पंडित पूर्व विशेष अधिकारी उत्तर प्रदेश शासन श्री अतुल द्विवेदी सदस्य भारतेंदु नाट्य अकादमी श्री सुशील राय प्रांत समरसता प्रमुख काशी प्रांत श्रीमती बीना द्विवेदी कोषाध्यक्ष समन्वय संस्था एवं लेखिका सुषमा शर्मा उपस्थित रही।

महामहिम राज्यपाल ने सभी को दुर्गा भाभी नाटक की एक-एक प्रति हस्ताक्षरित स्मृति चिन्ह स्वरूप भेंट की। भारतेंदु नाट्य अकादमी सदस्य श्री अतुल द्विवेदी ने कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन किया।

Check Also

SMS परिसर में स्थापित हुई स्पोकन ट्यूटोरियल स्किल एक्सेलरेटर लैब

*एसएमएस लखनऊ ने स्पोकन ट्यूटोरियल, एडूपिरामिड्स एवं साइन, आईआईटी बॉम्बे के साथ किया समझौता ज्ञापन ...